Sunday, January 2, 2011

हिन्दी कहावतें तथा लोकोक्तियाँ - 7 (Hindi Proverbs)

एक टकसाल के ढले

अर्थः सभी का एक जैसा होना।

एक तवे की रोटी, क्या छोटी क्या मोटी

अर्थः किसी प्रकार का भेदभाव न रखना।

एक तो चोरी ऊपर से सीना-जोरी

अर्थः स्वयं के दोषी होने पर भी रोब गाँठना।

एक ही थैली के चट्टे-बट्टे

अर्थः एक जैसे दुर्गुण वाले।

एक मुँह दो बात

अर्थः अपनी बात से पलटना।

एक म्यान में दो तलवारें नहीं रह सकती

अर्थः समान अधिकार वाले दो व्यक्ति एक क्षेत्र में नहीं रह सकते।

एक हाथ से ताली नहीं बजती

अर्थः झगड़े के लिए दोनों पक्ष जिम्मेदार होते हैं।

एक ही लकड़ी से सबको हॉंकना

अर्थः छोटे-बड़े का ध्यान न रखना।

एकै साधे सब सधे, सब साधे सब जाय

अर्थः एक साथ अनेक कार्य करने से कोई भी कार्य पूरा नहीं होता।

ओखली में सिर दिया तो मूसलों से क्या डरना

अर्थः कठिनाइयों न डरना।

ओस चाटे प्यास नहीं बुझती

अर्थः आवश्यक से अत्यन्त कम की प्राप्ति होना।

6 टिप्पणियाँ:

प्रवीण पाण्डेय said...

ज्ञान प्रवाह जारी आहे।

भारतीय नागरिक - Indian Citizen said...

shaandaar, baddhiya.. upyogi..

Satish Chandra Satyarthi said...

मजा आ रहा है :)
विनायक सेन चिट्ठाचर्चा पर काहे बोलतो?

निर्मला कपिला said...

बहुत अच्छी लगी सभी कहावतें। धन्यवाद। आपको सपरिवार नये साल की हार्दिक शुभकामनायें।

राज भाटिय़ा said...

बहुत खुब जी, धन्यवाद
आप ओर आप के परिवार को नव वर्ष की शुभकामनाएं।

arganikbhagyoday said...

आपको सपरिवार नये साल की हार्दिक शुभकामनायें

 
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