फागुन का मदमस्त महीना नई-नवेली दुल्हन को, जिसे ब्याह के बाद मायके में लिवा लाया गया है, अपने सजन से मिलने के लिए आतुर कर रहा है। किन्तु विवशता यह है कि अब गौना होने पर ही उसे अपने प्रिय का संग मिल पायेगा। बगैर चुनरी के गौना होना नहीं है। इसलिए वह अपने प्रिय को सन्देशा भेज रही है -
चुनरी बिन गवन न होय रे सजनवा
ले दे कुसुम रंग चूनरिया
कहवाँ सिरजे चूनरिया हो कहवाँ सिरजे चूनरिया
कहवाँ आन बिकाय हो सजनवा
ले दे कुसुम रंग चूनरिया
धमधा सिरजे चूनरिया हो धमधा सिरजे चूनरिया
रइपुर आन बिकाय हो सजनवा
ले दे कुसुम रंग चूनरिया
Online English Test 1
18 hours ago
1:16 PM
जी.के. अवधिया









13 टिप्पणियाँ:
आपको भी होली की शुभकामनायें..
आपको होली की शुभकामनायें.
बहुत सुन्दर प्रस्तुति!
आपको सपरिवार होली की मंगलकामनाएँ!
बहुत अच्छी प्रस्तुति| होली की आपको हार्दिक शुभकामनाएँ|
बहुत अच्छी प्रस्तुति| होली की आपको हार्दिक शुभकामनाएँ|
होली की लख -लख बधाईयाँ , गरिमामयी होली की कामना ,शुभकामना ......./
होली की शुभकामनायें
सतरंगी चोला.
आपकी पोस्ट चर्चा मंच पर प्रस्तुत की गई है
कृपया पधारें
http://charchamanch.blogspot.com
चर्चा मंच-812:चर्चाकार-दिलबाग विर्क>
होली है......बधाई.............
होली की सादर बधाईयाँ....
khubsurat se khubsurat
holi ki shubhakamana
khubsurat se khubsurat
holi ki shubhakamana
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