Saturday, April 7, 2012

या कुरसी अरु पावरवा पर...

या कुरसी अरु पावरवा पर न्याय सदाशय सब तजि डारौं।
वोटर को ललचाय रिझाय के जब तब आपन काम निकारौं॥
पावरवा को पावत ही मतदाताओं को ततकाल बिसारौं।
लूट खसोट धन पाउँ उसे स्विस बैंक जमा करि भाग सवारौं॥

2 टिप्पणियाँ:

प्रवीण पाण्डेय said...

पावर का खेल ऐसा ही होता है।

MD. SHAMIM said...

e hai aapan india, tu dekh babua.

 
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