धान के देश में!
जी.के. अवधिया का ब्लॉग
Monday, March 12, 2012
अपने इतिहास की पुस्तकों को पढ़कर क्या अजीब-सा नहीं लगता?
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हमारे इतिहास की पुस्तकें हमें बताती हैं कि अहिंसा, महात्मा गांधी, कांग्रेस आदि के कारण अंग्रेजों ने भारत को छोड़ा और हमारा देश स्वतन्त्र हुआ।...
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Friday, March 2, 2012
परम्परागत तरीके से होली मनाने के लिए पत्नी से एनओसी लेना जरूरी
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होली का त्यौहार समीप आ रहा है, ऐसे में भला मुहल्ले के युवा जागरण समिति के कर्ता-धर्ता लल्लू लाटा और कल्लू काटा भला चुप कैसे बैठ सकते हैं? सो...
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Tuesday, February 28, 2012
जै जै जै शिवशंकर.... ये प्याला तेरे नाम का पिया
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"अरे ये तो ठंडाई है, भोलेनाथ का प्रसाद! भांग थोड़े ही है। लीजिए ना!" अभी शिवरात्रि के दिन लोग ऐसा ही कुछ कह रहे थे उन्हें जो शिव...
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Tuesday, February 14, 2012
वैलेन्टाइन सभा
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कल्लू काटा और लल्लू लाटा हमारे मुहल्ले के मुहल्ला विकास समिति के सबसे अधिक सक्रिय सदस्य हैं, बल्कि वास्तव में कहा जाए तो वे दोनों ही मुहल्ला...
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Monday, February 13, 2012
ऐसा रहा हमारा वैलेन्टाइन
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देखा कि श्रीमती जी का मूड अच्छा था सो हमने कह दिया, " हैप्पी हग डे डार्लिंग!" श्रीमती जी ने नाक को आँचल से दबाकर, मुख-मुद्रा को ...
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